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पोजेशन और अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट के बारे यह फर्क जान लीजिए, वरना मुश्किल हो सकती है

पोजेशन और अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट के बारे यह फर्क जान लीजिए, वरना मुश्किल हो सकती है

 पोजेशन और अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट के बारे यह फर्क जान लीजिए, वरना मुश्किल हो सकती है
(Dreamstime)
नारायण कुमार और उनकी पत्नी ने हाल ही में बेंगलुरु के मराठाहल्ली में 2बीएचके का फ्लैट खरीदा है। लेकिन नए घर के खरीददारों को आने वाली मुसीबतों के बारे में पता नहीं था। बिल्डर ने उन्हें अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट (ओसी) नहीं दिया और अब इस परिवार को नागरिक सुविधाएं पाने में मुश्किलें हो रही हैं। पहली बार घर खरीदने वाले ग्राहकों को अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट के बारे में मालूम नहीं होता और वह इसे पोजेशन लेटर की तरह ही समझने की गलती कर बैठते हैं। प्रॉपर्टी खरीदने के दौरान कई दस्तावेजों की जरूरत पड़ती है और उन्हें हासिल करना एक थकाऊ प्रक्रिया है। लेकिन अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट एक अहम दस्तावेज है, जिसे बिल्डर से जरूर लेना चाहिए। अगर वह इसे नहीं देता तो खरीददारों को यह अधिकार है कि वह डिवेलपर के खिलाफ कानूनी कार्यवाही करें। पोजेशन लेटर और अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट में क्या फर्क है, मकानआईक्यू आज आपको बता रहा है। पोजेशन लेटर: डिवेलपर खरीददार के हक में पोजेशन लेटर जारी करता है, जिसमें प्रॉपर्टी पर कब्जे की तारीख लिखी होती है। होम लोन पाने के लिए इस दस्तावेज की असली कॉपी को पेश करना जरूरी होता है। जब तक ओसी हासिल नहीं किया जाएगा, तब तक पोजेशन लेटर अकेले प्रॉपर्टी पर कब्जे के लिए काफी नहीं माना जा सकता। अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट: सर्टिफिकेट अॉफ अॉक्युपेंसी या कंप्लीशन सर्टिफिकेट वह दस्तावेज होता है, जिसे कंस्ट्रक्शन खत्म होने के बाद स्थानीय सरकारी एजेंसी या प्लानिंग अथॉरिटी जारी करती हैं। बिल्डिंग पूरी हो गई है और इसे बनाते समय सभी नियमों और कानूनों का पालन किया गया है, यह उसी का सबूत होता है। अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट हासिल करना डिवेलपर का काम होता है और यह तभी जारी किया जाता है, जब बिल्डिंग में काम पूरा और वह रहने लायक हो जाती है। निर्माण पूरा होने के बाद शहरी प्राधिकरण से बिल्डर को कंप्लीशन सर्टिफिकेट मिलता है। बैंक और वित्तीय संस्थाओं से लोन पाने और पानी, सफाई व बिजली कनेक्शन के लिए भी अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट की जरूरत होती है। कानूनी तौर पर एक घर खरीददार इस दस्तावेज के बिना प्रॉपर्टी में रह नहीं सकता। इस डॉक्युमेंट की उस वक्त भी जरूरत होती है, जब खरीददार खाता या री-सेल फ्लैट को खरीदने के लिए अप्लाई करता है। अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट के बिना अपार्टमेंट बेचने के वक्त उसकी अच्छी कीमत भी नहीं मिलती। अॉक्युपेंसी सर्टिफिकेट पाने के लिए इन दस्तावेजों की जरूरत पड़ती है: -बिल्डिंग प्लान की कॉपी -बिल्डिंग के शुरू होने का सर्टिफिकेट -बिल्डिंग कंप्लीशन सर्टिफिकेट की कॉपी -ताजा प्रॉपर्टी टैक्स की रसीद -पॉल्यूशन बोर्ड और एयरपोर्ट अथॉरिटी की एनओसी की कॉपी
Last Updated: Mon Aug 31 2020

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